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कौशल ऋण योजना

राष्ट्रीय व्यवसाय मानकों और योग्यता पैकों से जुड़े कौशल विकास पाठ्यक्रमों के लिए व्यक्तियों को संस्थागत ऋण प्रदान करने और राष्ट्रीय कौशल योग्यता फ्रेमवर्क (एनएसक्यूूएफ) के अनुसार प्रशिक्षण संस्थानों द्वारा एक प्रमाण पत्र/डिप्लोमा/डिग्री देने के लिए कौशल ऋण योजना जुलाई 2015 में शुरू की गई थी।

यह योजना आरबीआई की सलाह अनुसार भारतीय बैंक संघ (आईबीए) के सभी सदस्य बैंकों और अन्य बैंकों तथा वित्तीय संस्थानों पर लागू है । स्कीम, कौशलीकरण लोन स्कीम के संचालन के लिए बैंकों को व्यापक दिशा-निर्देश प्रदान करती है।

योजना के संचालन के लिए बैंकों को दिशानिर्देशों की मुख्य विशेषताएं:

  • पात्रता - कोई भी व्यक्ति जिसने औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों (आईटीआई), पॉलिटेक्निकों या केंद्रीय या राज्य शिक्षा बोर्डों द्वारा मान्यता प्राप्त स्कूल या किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से संबद्ध कॉलेज में राष्ट्रीय कौशल विकास निगम(एनएसडीसी/ क्षेत्र कौशल परिषद, राज्य कौशल मिशन, राज्य कौशल निगम से संबंधित प्रशिक्षण भागीदारों द्वारा संचालित पाठ्यक्रम में प्रवेश प्राप्त किया हो।
  • पाठ्यक्रम - एनएसक्यूएफ के अनुरूप
  • वित्त की मात्रा - 5000-1,50,000 रु.
  • पाठ्यक्रम की अवधि - कोई न्यूनतम अवधि नहीं
  • ब्याज की दर-बेस रेट(एमसीएलआर) + आमतौर पर 1.5% तक ऐड
  • अधिस्थगन – पाठ्यक्रम की अवधि
  • चुकौती अवधि – ऋण की राशि के आधार पर 3 वर्ष से 7 वर्ष
  • 50000 रूपए तक ऋण – 3 वर्ष तक
  • 50000 रूपए से 1 लाख रूपए तक ऋण – 5 वर्ष तक
  • 1 लाख रूपए से अधिक का ऋण – 7 वर्ष तक
  • कवरेज - कोर्स पूरा करने के खर्च (आकलन, परीक्षा और अध्ययन सामग्री इत्यादि) के साथ-साथ कोर्स की फीस (सीधे प्रशिक्षण संस्थान को)
  • स्कीम लाभार्थी से जमानत शुल्क लेने की अनुमति नहीं देती है।
  • एमएसडीई, नवंबर 2015 की अधिसूचना के माध्यम से, 15 जुलाई 2015 को या उसके बाद स्वीकृत सभी कौशल ऋणों के लिए क्रेडिट गारंटी फंड फॉर स्किल डेवलपमेंट (सीजीएफएसएसडी) को राष्ट्रीय क्रेडिट गारंटी कंपनी (एनसीजीटीसी) द्वारा प्रशासित करने के लिए लाया गया।
  • बैंक चूक के खिलाफ क्रेडिट गारंटी के लिए एनसीजीटीसी के लिए आवेदन कर सकते हैं और एनसीजीटीसी मामूली शुल्क पर यह गारंटी प्रदान करेगा जो बकाया राशि का 0.5% से अधिक नहीं होगा। गारंटी कवर अधिकतम 75% बकाया ऋण राशि ब्याज सहित, यदि कोई हो के लिए होगा।

 

21 बैंकों के संबंध में इंडियन बैंक एसोसिएशन (आईबीए) द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार वर्ष 2018-19 (सितंबर 2018 तक) के दौरान कुल 29.06 करोड़ रूपये का कौशल ऋण वितरित किया गया था।